Day: September 7, 2026

बांदा के लोगों को केन नदी के संदर्भ में बाबू केदारनाथ अग्रवाल बहुत याद आते हैं।

‘केदार की’ कविताओं में ‘केन’ और बांदा के ‘उत्खनन का ‘आज’

वीरेन्द्र गोयल, सोवियत लैंड नेहरू पुरस्कार विजेता स्मृतिशेष कवि केदारनाथ अग्रवाल की कर्मभूमि बांदा से जो रेत कवि की हथेली में थीबांदा जिले का कोई […]

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बांदा में केन नदी पर खनन । फोटो-ग्रैब दैनिक भास्कर

बुंदेलखंड में रेत खननः पहाड़ खा गए वो ‘पेट’ और जो नदी खा गई वो ‘मां’

मुकुंद/अभिमन्यु, चित्रकूट आपदा अध्ययन केंद्र से कभी यहां श्मशान था…। अब उसमें मुर्दे नहीं जलते। रेत की बोरियां रखी होती हैं। जिस जमीन पर मनुष्य […]

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